रिपोर्ट मुजम्मिल खान
हरिद्वार, 11 जून। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर परिवहन विभाग ने बिना सत्यापन संचालित ई-रिक्शाओं के खिलाफ बड़ा अभियान चलाते हुए 50 से अधिक ई-रिक्शा सीज कर दिए। कार्रवाई से ई-रिक्शा चालकों में हड़कंप मच गया।

सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) श्री निखिल शर्मा एवं सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) श्रीमती नेहा झा के नेतृत्व में वाल्मीकि चौक, रेलवे स्टेशन क्षेत्र और कर्नाटक भवन के आसपास विशेष जांच अभियान चलाया गया। जांच के दौरान बड़ी संख्या में ऐसे ई-रिक्शा पाए गए जिनका निर्धारित सत्यापन नहीं कराया गया था।
परिवहन विभाग ने नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए 50 से अधिक ई-रिक्शाओं को सीज कर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना सत्यापन संचालित वाहन यात्रियों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा बन सकते हैं।

चारधाम यात्रा के दौरान हरिद्वार में प्रतिदिन हजारों श्रद्धालुओं और पर्यटकों के आगमन को देखते हुए प्रशासन यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए लगातार विशेष अभियान चला रहा है। इसी क्रम में यह कार्रवाई की गई है।
एआरटीओ (प्रशासन) निखिल शर्मा ने बताया कि सभी ई-रिक्शा स्वामियों और चालकों के लिए वाहन सत्यापन कराना अनिवार्य है। बिना सत्यापन वाहन संचालन करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
वहीं एआरटीओ (प्रवर्तन) नेहा झा ने कहा कि जनपद में अवैध रूप से संचालित वाहनों पर परिवहन विभाग की लगातार नजर है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध चालान, सीजिंग और अन्य वैधानिक कार्रवाई भविष्य में भी जारी रहेगी।




