रिपोर्ट अशरफ खान
हरिद्वार, 2 अगस्त। कांवड़ मेले में स्वच्छता व्यवस्था को और आधुनिक बनाने के लिए नगर निगम हरिद्वार ने एक अनोखी पहल की है। नगर आयुक्त आईएएस नंदन कुमार के निर्देश पर जे.डी.ई. वेलफेयर सोसायटी के माध्यम से तैयार किए गए ‘स्मार्ट सोलर सेंसर कॉम्पैक्ट बिन’ का कांवड़ पटरी पर ट्रायल शुरू किया गया है। यह हाईटेक डस्टबिन बिना छुए अपने आप ढक्कन खोलता है और कचरे को स्वतः कॉम्पैक्ट भी कर देता है।
सेंसर तकनीक से लैस इस डस्टबिन के सामने जैसे ही कोई व्यक्ति पहुंचता है, इसका ढक्कन अपने आप खुल जाता है। कचरा डालने के बाद यह स्वतः बंद हो जाता है, जिससे श्रद्धालुओं को बिना स्पर्श के स्वच्छ और सुरक्षित सुविधा मिलती है।
इस स्मार्ट बिन की सबसे बड़ी खासियत इसका ऑटोमैटिक कॉम्पैक्शन सिस्टम है। डस्टबिन में डाला गया कचरा तुरंत दबकर कम जगह घेरता है, जिससे सामान्य डस्टबिन की तुलना में कई गुना अधिक कचरा संग्रहित किया जा सकता है। इससे डस्टबिन जल्दी भरने की समस्या कम होगी और सफाई व्यवस्था अधिक प्रभावी बनेगी।
पूरी तरह सौर ऊर्जा से संचालित यह डस्टबिन बिजली पर निर्भर नहीं है। इसकी मजबूत डिजाइन आवारा पशुओं को कचरा फैलाने से भी रोकती है, जिससे सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी कम होगी।
नगर निगम के अनुसार कांवड़ मेले के दौरान हजारों श्रद्धालु इस स्मार्ट बिन का उपयोग कर रहे हैं और ट्रायल के शुरुआती परिणाम बेहद उत्साहजनक रहे हैं। यदि यह प्रयोग पूरी तरह सफल रहता है तो भविष्य में इसे हरिद्वार के प्रमुख बाजारों, घाटों, पार्कों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर भी स्थापित किया जाएगा।
ट्रायल के दौरान उप नगर आयुक्त दीपक गोस्वामी, मुख्य सफाई निरीक्षक सुनील मलिक, संजय शर्मा, सफाई निरीक्षक रूपाली सहित नगर निगम की टीम मौजूद रही। अधिकारियों ने स्मार्ट बिन की कार्यप्रणाली का निरीक्षण कर इसकी उपयोगिता का परीक्षण किया।
नगर निगम का मानना है कि यह पहल हरिद्वार को स्वच्छ, तकनीक-सक्षम और पर्यावरण अनुकूल शहर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।




